अगर आप HDFC से 10 लाख रुपये का होम लोन लेने की सोच रहे हैं, तो सबसे पहले यह जानना जरूरी है कि हर महीने कितनी EMI बनेगी। EMI का मतलब होता है हर महीने बैंक को दिया जाने वाला पैसा, जिसमें थोड़ा सा लोन का मूल पैसा और थोड़ा सा ब्याज शामिल होता है। जितने ज्यादा साल का लोन होगा, EMI उतनी कम होगी, लेकिन कुल ब्याज ज्यादा देना पड़ेगा। और जितने कम साल का लोन होगा, EMI उतनी ज्यादा होगी, लेकिन ब्याज कम लगेगा। इसी आसान सोच के साथ हम आगे EMI को समझते हैं।
इस आर्टिकल में हम यह मानकर चल रहे हैं कि HDFC होम लोन की ब्याज दर 9% सालाना है। असल में ब्याज दर आपके प्रोफाइल, सिबिल स्कोर और बैंक की पॉलिसी के हिसाब से बदल सकती है। अब इसी ब्याज दर पर 5 साल, 7 साल और 9 साल की EMI को आसान भाषा में समझते हैं।
10 लाख के होम लोन पर 5 साल की EMI
अगर आप 10 लाख रुपये का होम लोन 5 साल यानी 60 महीनों के लिए लेते हैं, तो हर महीने की EMI थोड़ी ज्यादा बनेगी। इसकी वजह यह है कि बैंक को कम समय में पूरा पैसा वापस चाहिए, इसलिए हर महीने ज्यादा रकम देनी पड़ती है। 9% सालाना ब्याज दर मानें तो 5 साल के लिए EMI लगभग 20,700 रुपये के आसपास आती है।
इस विकल्प का फायदा यह है कि आप कुल ब्याज कम चुकाते हैं। यानी लोन जल्दी खत्म हो जाता है और घर जल्दी आपका हो जाता है। लेकिन ध्यान रखें कि हर महीने की EMI आपकी जेब पर बोझ डाल सकती है, इसलिए यह विकल्प उन्हीं लोगों के लिए सही है जिनकी आमदनी अच्छी और स्थिर है।
10 लाख के होम लोन पर 7 साल की EMI
अब अगर यही 10 लाख रुपये का लोन आप 7 साल यानी 84 महीनों के लिए लेते हैं, तो EMI थोड़ी कम हो जाती है। 9% ब्याज दर पर 7 साल की EMI करीब 16,300 रुपये के आसपास बनती है।
यह विकल्प उन लोगों के लिए संतुलित माना जाता है जो EMI भी संभालना चाहते हैं और बहुत ज्यादा ब्याज भी नहीं देना चाहते। 5 साल के मुकाबले EMI कम हो जाती है, लेकिन कुल ब्याज थोड़ा बढ़ जाता है। फिर भी यह एक मध्यम रास्ता है, जिसे बहुत से लोग पसंद करते हैं।
10 लाख के होम लोन पर 9 साल की EMI
अगर आपकी आमदनी सीमित है और आप कम EMI चाहते हैं, तो 9 साल का विकल्प देख सकते हैं। 10 लाख रुपये के लोन पर 9 साल यानी 108 महीनों के लिए 9% ब्याज दर मानें तो EMI लगभग 13,900 रुपये के आसपास आती है।
इसमें हर महीने का बोझ कम हो जाता है, जिससे घर का बजट आसानी से चलता है। लेकिन ध्यान रखें कि लोन का समय बढ़ने से कुल ब्याज ज्यादा देना पड़ता है। यानी EMI कम है, पर लोन लंबे समय तक चलता है।
5, 7 और 9 साल की EMI का आसान तुलना टेबल
| लोन अवधि | अनुमानित EMI |
|---|---|
| 5 साल | लगभग ₹20,700 |
| 7 साल | लगभग ₹16,300 |
| 9 साल | लगभग ₹13,900 |
इस टेबल से साफ समझ आता है कि जैसे-जैसे लोन की अवधि बढ़ती है, EMI कम होती जाती है। लेकिन इसके साथ ब्याज का खर्च बढ़ता है।
आपके लिए कौन सा विकल्प सही है
अगर आपकी आमदनी अच्छी है और आप जल्दी लोन खत्म करना चाहते हैं, तो 5 साल का विकल्प बेहतर है। अगर आप EMI और ब्याज के बीच संतुलन चाहते हैं, तो 7 साल का विकल्प सही रहता है। और अगर आप कम EMI चाहते हैं ताकि घर का खर्च आराम से चल सके, तो 9 साल का विकल्प आपके लिए ठीक हो सकता है। हमेशा लोन लेते समय अपनी आमदनी, खर्च और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर फैसला करें।
नया डिस्क्लेमर
यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी के लिए है। इसमें EMI की गणना 9% सालाना ब्याज दर मानकर की गई है। असल EMI HDFC बैंक की वास्तविक ब्याज दर, आपकी प्रोफाइल और लोन की शर्तों के अनुसार बदल सकती है। लोन लेने से पहले बैंक या किसी वित्तीय सलाहकार से सही जानकारी जरूर लें।